जिला अधिकारी डा0आशीश चौहान को माना लोगो ने प्रिय प्रशासनिक अधिकारी!
बी, एसं, रावत,
सरकार के जनता के लिए समस्याओं का त्वरित निस्तारण हो, ईसके लिए मोरी तहसील कार्यालय पर जनशिकायत शिविर लगाया गया,!जिसपर शिकायत पंजियन के समय तक 53शिकायते दर्ज हुई, किन्तु शिकायतों का सिलसिला चलता रहा, सर्वाधिक शिकायतें विद्यूत विभाग, सडकमार्ग, उठायी, गयी ईसके बावजूद महत्वपूर्ण बिन्दू कि और जाते हुऐ, जिलाधिकारी चौहान ने लिवाडी प्राथमिक भवन की क्षतिग्रस्त आम व्यक्ति द्वारा शिकायत का संग्यान लेते हुए, शिक्षा विभाग को तथा राजस्वविभाग को आडे हाथ लेते हुए सरकारी परिसंम्पतियौं की रिपोर्ट विभागौं की जिमेदारी बताते हुए,कहा कि क्षतिग्रस्त रिपोर्ट विभागौं की जिमेदारी है! जिससे रिपोर्ट लगवाने वाला, पैसा कमाने वाले ठेकेदारों के योजनाओं पर अपना अधिकार जमाना खत्म करने की हिदायत दी गयी! अधिकांश लोगो द्वावारा दैवीआपदाऔं के धन को हटाने के लिए राजस्वविभाग के साथ मिलकर क्षति ग्रस्त रिपोर्टके माध्यम से सरकारी धन को कुछ लोगो ठेकेदारों द्वारा झाड़ू पोछा मारने का कार्य किया जाता है!जिसमे राजस्वविभाग की व संम्बधित विभाग की मिली भगत से यह खेल वर्षौं पुरानी कहानी का हिस्सा बन चुका है! जिसे जिलाधिकारी डा0आशीश चौहान खत्म कराने से वास्तविक कार्यौ को अंजाम देकर सरकारी धन के माफियांऔ के लिए, क्षतिग्रस्त रिपोर्ट लाईन डिपार्टमैंट की जिम्मेदारी बताया है! जिससे योजनाओं पर अधिकार जमाने वाले ठेकेदारों का कारनामा सामने देखने को मिलेगा! अधिकांश देखा गया है, की मोरी विकास खण्ड योजनाओं के बारे मे पहले पायदान पर है, यह बुरीबात नहि है! किन्तु ईसका लाभ आम लोगो के लिए होना सरकारी धन का खर्च होना सरकार की कानूनी वैद्यता है! डा0आशीश चौहान के अन्दाज़ो मे साफ झलक देखने व सुनने को मिली की ईस ठेकेदारी के पीछे सरकारी योजनाओं की क्षतिग्रस्त रिपोर्ट मे राजस्वविभाग की भी रिपोर्ट को जिलाकार्यालय मे प्राथमिकता से न भेजना संदिग्ध है! लिहाजा ग्रामपंचायत प्रधान व विभाग ही परिसंम्पतियौं की रिपोर्ट देने के लिए जिमेदारी के अधिकारी होगें! तथा ईसकी पत्रावली पंचायत स्तर के रिकार्ड मे भी अनिवार्य रूप से रखी जाय, सिचायी स्वाथ्य को लेकर भी समाधान का मार्ग सुझाया गया! कनेक्टिविटी न चलने से बच्चों के प्रमाण पत्र न बनना अनसुलझी समस्या का हिस्सा मोरी मेला समिति केप्रतिनिधि ईस समय मोरी की खास समस्याओं के लिए प्रधान संघ अध्यक्ष के साथ मिलकर पंचायत नासीय को शौचमुक्त भारत बनाने के लिए रात बजरी परमिशन मोरी बाजार मे बनविभाग के व सतलुज जलविद्यूत नि0से शौचालय के निर्माण के साथ उसी स्थान पर पार्किंग का भी माडल बनाने की मांग रखी है! अधिकांश लोगो द्वावारा मांगे तो उठायी गयी किन्तु सहयोग का मार्ग तय न कर पाने से कुडादान या कुडा निस्तारण भी अनसुलझी समस्या रही हैं! कुडा निस्तारण आम व्यक्ति का दायित्व है! जैसै लोग अपने घर की सफाई करतें है! वैसै ही अपने आस पडोस की सफाई रखवाना हमारी जिमेदारी बनजाती ।
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