जौनपुर में हिमोत्थान शैक्षिक सोसाइटी द्वारा शीतकालीन शिविरों का आयोजन । बच्चों के सर्वांगीण विकास हेतु रोचक व रचनात्मक गतिविधियां ।

जौनपुर।

शीतकालीन अवकाश के दौरान बच्चों की रचनात्मकता एवं सीखने की निरंतरता बनाए रखने के उद्देश्य से हिमोत्थान शैक्षिक सोसाइटी द्वारा विकासखंड जौनपुर के विभिन्न गांवों में शीतकालीन शिविर (विंटर कैंप) आयोजित किए जा रहे हैं। इन शिविरों में बच्चों के लिए पढ़ाई के साथ-साथ खेल, कला और सांस्कृतिक गतिविधियों का समावेश किया गया है, जिससे वे छुट्टियों का सकारात्मक उपयोग कर सकें।




गौरतलब है कि हिमोत्थान शैक्षिक सोसाइटी अप्रैल 2023 से विकासखंड जौनपुर के प्राथमिक विद्यालयों में विभिन्न शैक्षिक घटकों—जैसे पुस्तकालय विकास, एफएलएन (आधारभूत साक्षरता एवं संख्यात्मक ज्ञान), पीएल (शारीरिक साक्षरता), विद्यालय प्रबंधन समिति (SMC) सशक्तिकरण—पर निरंतर कार्य कर रही है। यह कार्य शैक्षिक प्रोजेक्ट एसोसिएट श्री संदीप बिजलवान एवं क्लस्टर कोऑर्डिनेटर श्री दिनेश रमोला के समन्वय में स्कूल फैसिलिटेटरों एवं शिक्षा प्रेरकों के माध्यम से विद्यालय स्तर पर संचालित किया जा रहा है।


शीतकालीन अवकाश के चलते विद्यालय बंद होने की स्थिति में सोसाइटी द्वारा उन्हीं गांवों में शिविर आयोजित किए जा रहे हैं, जहां संबंधित विद्यालय स्थित हैं। शिविरों में प्रतिदिन दो से तीन घंटे तक बच्चों के साथ विभिन्न रचनात्मक गतिविधियां संचालित की जा रही हैं। इनमें खुला पुस्तकालय, ज्ञानवर्धक पुस्तकों का पठन, चित्रकला प्रतियोगिता, रीड अलाउड, बुक टॉक, आर्ट एंड क्राफ्ट, खेल गतिविधियां (पीएल), विज्ञान मॉडल, नाट्य रूपांतरण, सांस्कृतिक कार्यक्रम, क्विज प्रतियोगिता एवं हस्तकौशल जैसी रोचक गतिविधियां शामिल हैं।


इसके साथ ही गांवों में स्वच्छता अभियान चलाकर बच्चों व ग्रामीणों को साफ-सफाई के प्रति जागरूक किया जा रहा है। शिविर में प्रतिभाग करने वाले बच्चों के लिए जलपान (रिफ्रेशमेंट) की व्यवस्था भी की गई है तथा विभिन्न गतिविधियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले बच्चों के लिए पारितोषिक का भी प्रावधान रखा गया है।

इस संबंध में प्रोजेक्ट एसोसिएट एजुकेशन, जौनपुर श्री संदीप बिजलवान ने बताया कि इन शिविरों का उद्देश्य बच्चों का सर्वांगीण विकास करना, उनकी सीखने की क्षमता को बनाए रखना तथा छुट्टियों का सार्थक उपयोग सुनिश्चित करना है, ताकि वे पढ़ाई से पूरी तरह दूर न हों और उनकी लर्निंग लेवल में निरंतर वृद्धि हो।

ग्रामीणों एवं अभिभावकों ने हिमोत्थान सोसाइटी की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि छुट्टियों में इस प्रकार के शिविर बच्चों को सकारात्मक दिशा देते हैं। इससे बच्चे फालतू समय बिताने के बजाय ज्ञानवर्धक गतिविधियों में भाग ले रहे हैं और समुदाय की भागीदारी भी बढ़ रही है।

इस अवसर पर हिमोत्थान शैक्षिक सोसाइटी के स्कूल फैसिलिटेटर राजेश अग्रवाल, वीरेंद्र नौटियाल, मुकेश नौटियाल, शीला चौहान, संगीता रमोला तथा शिक्षा प्रेरक नीतू, स्वाति, अंजली, अंकिता, शिवानी, सिमरन, सीता, खुशबू एवं बबीता द्वारा सराहनीय योगदान दिया जा रहा है।

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